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फिर एक बार, दुबई से भारतियों के लिए आयी ये सबसे बड़ी खुशखबरी

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अबू धाबी के बिग जैकपोट से कई भारतियों की किस्मत चमक गई है.जिससे जीते हुए भारतीय लोगों को ही जीतने का विश्वास नहीं बैठता.ऐसे ही कुछ भारतीयों ने हमेशा ऐसे लोटरी के लिए बहुत सारे प्रयास के है. लेकिन काफी प्रयासों के बाद कई भारतीय विजेता हो गए है.ऐसे ही एक व्यक्ति की किस्मत चमकी.

किसकी किस्मत कब पलट जाए कभी बताया नहीं जा सकता कहते है किस्मत कब और किस ओर करवट लेगी इसका पता नहीं.यह कहावत अब कुवैत में रहनेवाले भारतीय व्यक्ति के लिए सिद्ध होती है.कुवैत में रह कर नौकरी करने वाले इस भारतीय मूल के वर्गीज थेवरील पर.भारतीय मूल के ठेव्रिल की किस्मत कुछ ऐसे पलटी की वो कुछ पल में वह करोडपति बन गए.वर्गीज ठेव्रिन की उम्र कुछ ५० साल के आसपास है.५० वर्षीय वर्गीज थेवरिज के में एग्जीक्यूटिव असिस्टेंट के पद पर काम करते है.खलीज टाइम के रिपोर्ट के अनुसार वर्गीज थेवरिज ने एक जैकपोट जीता है.जैकपोट में जो टिकेट जीता है .जैकपोट में जीते हुए टिकेट का नंबर उनके बेटे के जन्मदिन से मिलता जुलता है.वर्गीज को लगे जैकपोट में उन्हें सात मिलियन यानी १२ करोड़ रुपये मिले है.

विजेता वर्गीज कुवैत में लगबग २० सालो से काम कर रहे है.अब ५० वर्ष के एग्जीक्यूटिव असिस्टेंट के पद पर कार्य करते है.वर्गीज ने अबुधाबी के इंटरनेशनल एअरपोर्ट पर बिग टिकेट मिलियन के प्रतियोगिता में भाग लिया था,इस बिग मीलियन प्रतियोगिता में वर्गीज विजेता के तौर पर घोषित हुए.रिपोर्ट के अनुसार एक हैरान करनेवाली बात सामने आई की प्रतियोगिता में ८ में से ६ लोग भारतीय थे.वर्गिज के जीत के बाद उन्होंने कहा की मेरा बेटा मेरे लिए लकी चार्म है.उन्होंने इस प्रतियोगिता के लिए ऑनलाइन टिकेट ख़रीदा और १११९७ नंबर का टिकेट चुना .क्योंकि उन्होंने वोह नंबर अपने बेटे के जन्मदिन पर चुना.वर्गीज ने इससे पहले भी दो बार प्रयास कर चुके है.वर्गीज बताते है की उन्होंने कहा की मैंने सोचा भी नहीं था की मई जैकपोट जीत जाऊंगा.

वर्गीज कुवैत में भले ही नौकरी के कारण हो लेकिन उनका बेटा केरल में पढाई करता है. उसका अब ग्रजुएशन चल रहा है.वर्गीज बताते है की हाल ही समय में वह कुछ काफी बुरे दौर से गुजरा है.लेकिन वो अब काफी खुश है.वर्गीज कहते है की अब मुझे तसल्ली से बैठना है और आखिर तय करना है की मुझे मिले हुए प्राइस का क्या करना है लेकिन उन्हो कहा की इनमे से कुछ पैसे चैरिटी के पास और कुछ बेटे के पढाई के लिए खर्च करेंगे.पहले बताया उस तरह अन्य सात विजेताओं की घोषणा पहले ही मंगलवार को हो गयी थी.इनमे प्रत्येक विजेता की झोल में १००००० दिरहम गए थे.इन विजेताओं में से एक बांग्लादेश से था और एक मोरक्को से विजेता था.इसके साथ बाकी सभी भारतीय लोगों ने बाजी मारी.

ऐसी ही कुछ दिनों पहले ,अबू धाबी में सोमवार को एक प्रवासी भारतीय रातों रात करोड़पति बन गया.मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक भारतीय प्रवासी सुनील मपत्ता कृष्णन कुट्टी नाम के इस शख्स ने एक करोड़ दिरहम(17.5 करोड़ रुपये) की लॉटरी जीती है.सुनील अबू धाबी में सेल्स एग्जीक्यूटिव के पद पर कार्य करते हैं.हालांकि जीती हुई रकम अकेले सुनील की नहीं होगी, वह इसे अपने तीन दोस्तों के साथ बांटेंग.। क्योंकि इन दोस्तों ने उनकी लॉटरी टिकट खरीदने में मदद की थी .पिछले साल भी जनवरी में अजमान में रहने वाले एक भारतीय नागरिक हरीकृष्णन ने करीब 20 करोड़ की लॉटरी जीती थी .भारतीय हरिकिशन केरल के रहने वाले हैं और दुबई में नौकरी करते हैं रिपोर्ट के मुताबिक .हरिकिशन ने बताया था कि वह जीती हुई रकम से वर्ल्ड टूर पर जाना चाहते हैं.

यूएई में बसे केरल के रहने वाले बिजनस डिवेलपर हरि कृष्णन को जब लॉटरी में 1 करोड़ 20 लाख दिरहम (20.7 करोड़ रुपये) जीतने का फोन आया तो उन्होंने इसे प्रैंक कॉल मानकर ध्यान नहीं दिया. लेकिन जब उन्हें सच में इतनी बड़ी रकम के अबू धाबी इंटरनैशनल एयरपोर्ट बिग टिकट ड्रॉ में जीतने का पता चला तो उनकी खुशी का ठिकाना ही नहीं रहा.हरी ने बताया की लाटरी जीतने सबंधी उनहे कुछ कॉल आये,जिससे पहले मजाक समझकर उन्होंने ध्यान नहीं दया.उसके बाद जब मीडियाकर्मों और रेडिओस्टेशन से फ़ोन आने लगे. तो उन्होंने अपनी पत्नी द्वारा लाटरी की वेबसाइट चेक करने को कहा.उसके बाद लाटरी में इतनी बड़ी रक्कम लगने के बाद उन्हें ही ठिकाना नहीं लगा.लोटरी में इमका यह तीसरा प्रयास था.इससे पहले भी दो बार कोशिश कर चुके है लेकिन तीसरी बार भी कुछ ख़ास उम्मीद नहीं थी.

हरि केरल के अलप्पुझा के रहने वाले हैं और 2002 से ही यूएई में रहकर बिजनस डिवेलपर के तौर पर काम कर रहे हैं. वह कुछ दिनों के लिए अपने घर आने वाले हैं, जहां वह परिजनों और दोस्तों के साथ जश्न मनाएंगे.रविवार सुबह निशा हरि ने अपने पति से मज़ाक में कहा कि उन्होंने बिग टिकट ड्रा में 12 मिलियन दिरहम जीते हैं. निशा की किस्मत तब चमकी जब उनके पति हरिश्चंद्रन वी. नायर को असलियत में ही 7 जनवरी को अबू धाबी में आयोजित बिग टिकट रेफ़ल ड्रा कें विजेता बना दिया गया.खालीज टाइम्स के मुताबिक, भारत के केरल में रहने वाले नायर बेहद उत्साहित है उन्हें यकीन नहीं हो रहा की क्या वाकई में उन्होंने इतनी बड़ी धन राशि जीती है.उन्होंने 12 मिलियन दिरहम की राशि जीती है. कहा जा रहा है कि बिग टिकट द्वारा दी गयी यह रकम लौटरी अब तक की सबसे बड़ी रकम है.