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इस मुस्लिम देश में मचा हाहाकार, 5 लाख बाहरी लोगों की नौकरिया हुई ख़त्म

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सऊदी अरब में बाहर के नागरिक बहुत प्रमाण में नौकरी के तौर पर काम के लिए आते है.लेकिन राष्ट्रीयकरण के कारण अभी वहा महिलाओं को भी नौकरी के लिए आगे किया जा रहा है.अब बड़ी तौर पर महिलाओं को भी ड्राइविंग सिखाई जाएगी .इन सभी के कारण अब बाहरी मजदूरों को निकाला जा रहा है.

सऊदी अरब में लाखों के संख्या से बाहरी मजदुर  नौकरी के तलाश में जाते है.ऑडी अरब में राष्ट्रीकरण तेजी से बढ़ रहा है जिसके कारण प्रवासी कारगीरों को हटाने के आदेश वहा के प्रशासनो ने दिये है.अब सऊदी अरब में महिलाओं को नौकरी में शामिल करने की वजह से अब प्रवासीयो को नौकरी से निकाला जा सकता है.सौदिकरण के बाद सऊदी अरब में महिलाओं को रोजगार में शामिल करने की प्रक्रिया भी तेजी से जारी की गयी, जिसके बाद प्रवासी कर्मचारियों की जगह कई क्षेत्रों में महिलाओं को रोजगार दिया गया.अब सऊदी अरब में महिलाओं को प्राधान्य देने का अवसर है.अब सऊदी अरब के राष्ट्रीयकरण की वजह से  देश में प्रवासियों की संख्या  भी कमी आई है.कई श्रमिको ने देश भी छोड़ दिया है.कई लोग अब देश छोड़ने की तैयारी में भी है.

जनरल अथॉरिटी ऑफ़ स्टैटिसटिक्स के अनुसार 2017 के अंतिम तीन महीनों में 466,000 प्रवासी श्रमिक सऊदी अरब को छोड़कर एग्जिट वीजा पर देश छोड़ कर चले गए हैं. कुछ आकड़ों के अनुसार जिस समय यहाँ चार लाख से अधिक श्रमिको ने सऊदी अरब छोड़ा तो उसी दौरान १००००० सऊदी अरब के पुरुष और महिलाओं ने श्रम बाजार में प्रवेश किया.सऊदी गैजेट के अनुसार श्रम बाजार बुलेटिन में प्राधिकरण ने कहा कि 3.16 मिलियन सऊदी कर्मचारी राष्ट्रीयकरण की वजह से वर्ष के अंत तक सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों में काम कर रहे थे. जबकि 2016 में बाहर से आने वाले श्रमिकों की संख्या 10.88 मिलियन से 2017 के अंत तक 10.42 मिलियन हो गई। बुलेटिन के रिपोर्ट के अनुसार कहा कि सऊदी अरब में नौकरी ढूँढने वाले लगभग 53.3% सऊदी पुरुष और महिलाएं ग्रेजुएट थी.

सऊदी अरब के रिपोर्ट के अनुसार यहाँ के देश में कर्मचारियों की कुल संख्या १३.८ मिलियन है.जिसमें 11.52 मिलियन पुरुष शामिल थे, जो 84.8% का प्रतिनिधित्व करते हैं और 2.06 मिलियन महिलाएं जो की 15.2 प्रतिशत का प्रतिनिधित्व करती थी.जनरल अथॉरिटी ऑफ़ स्टैटिसटिक्स के अनुसार, सोशल इंश्योरेंस फॉर सोशल इंश्योरेंस (जीओएसआई) के साथ रजिस्टर 9.94 मिलियन सऊदी और प्रवासी श्रमिक थे, जो नियोजित लोगों की कुल संख्या का 73.2% का प्रतिनिधित्व करते थे .अथॉरिटी के अनुसार देश में बेरोजगारी की दर पिछले साल की चौथी तिमाही के दौरान सौदीयों के बीच बेरोजगारी 12.8% थी.सर्वेक्षण के अनुसार, 8.81 मिलियन (64.9%) कर्मचारी लोग रियाद, मक्का और पूर्वी प्रांत में रह रहे थे, जिनमें से 27.5% सौदी थे। सर्वेक्षण के अनुसार, 1.0 9 मिलियन बेरोजगार सौदी थे जिनमें 175,000 पुरुष (16.1%) और 911,000 महिलाएं (83.9%) शामिल थीं.

सऊदी शाही डिक्री के एक घंटे बाद सितम्बर में महिलाओं को ड्राइव करने की इजाजत दी गयी.इसी फैसले के चलते हुए अब ड्राइविंग कंपनियां भी महिलाओं के विकास के लिए आगे बढ़ रही है. सऊदी महिलाओं को प्रशासन ने इजाजत देने इ कारण टैक्सी ड्राइविंग कंपनियों ने सऊदी में १००००० महिलाओं को भारती करने के लिए एक अभियान शुरू किया है.अल अरेबिया के रिपोर्ट के मुताबिक टैक्सी द्रिव्र कंपनी उबेर के लिए द्रिवारों के रूप में पार्ट टाइम चलने के लिए और प्रदान करने में रूचि रखने वाले महिलाओं के लिए ड्राइविंग स्कूलों को अधिक सुलभ करने के लिए उबेर ने दो साल की ट्रेनिंग देने का फैसला किया है.जिसमे ड्राइविंग कंपनी २,५०,००० डॉलर तक खर्च करेगी.दोनों कंपनिया बड़े तौर पर महिलाओं को इस काम में लाना चाहती है.क्योंकि इनका कहना है की सऊदी महिलाओं को अवसर मिले.

सऊदी अरब में अब भी महिलाओं में रुढ़िवादी परंपरा की राह पर चलते हुए दिखाई देता है. यहाँ के कई रुढ़िवादी महिला पुरुषों के साथ सवारी करना पसंद नहीं करती.इसिके कारन अब अगर महिला ही ड्राईवर हो तो इसमें कोई दिक्कत नहीं आएगी . टैक्सी ड्राईवर कंपनी के उबेर के महाप्रबंधक अन्थोनी खोरी ने लोस एंजलिस टाइम्स को बताया की हम वास्तव में इसे और अधिक रूप से व्यवसाय खोलने के रूप से देखते है.उन्होंने यह भी कहा की हम महिलाओं को ड्राइविंग में लाना चाहते है .जिससे महिलाये भी सक्षम बन सके.और ड्राइविंग कर सके.लगभग ३००० सऊदी महिलाओं ने टैक्सी ड्राइविंग कंपनी केरम के साथ ड्राईवर के रूप में काम करने के समझौते भी किये गए है.कंपनी ने अपने ऑनलाइन प्लेटफार्म को इस्तेमाल करने के तरीके को पढ़ने के लिए विशेष सत्र भी शुरू किया है.

अब ड्राइविंग कंपनीयो ने जो ट्रेनिंग शुरू की है उसके कई हिस्से है. जिसमे पहले महिलाओं को ड्राइविंग के नियम सिखाये जायेंगे.उसके बाद महिलाओं को टैक्सी ड्राईवर के तौर पर नियुक्त किया जाएगा.अल अरेबिया के मुताबिक़ यह कदम सऊदी अरेबिया की महिलाओं को सक्षम बनाने में मदद करेगा.उन्हें पुरुष ड्राइव में जाने में जो तकलीफ होती थी अब वो भी महिला ड्राईवर के कारन महसूस नहीं करेगी.तो अब वह महिला ड्राईवर के साथ ही सफ़र तय कर पायेगी.सऊदी अरब में दूसरे देशों से नौकरी करने गये लोगों के लिए अब राह आसान नहीं होगी. दरअसल, यहां की सरकार ने सऊदी में बाहर से आये लोगों के लिए 12 क्षेत्रों में नौकरी करने पर पाबंदी लगा दी है और कहा है कि अब इन क्षेत्रों में केवल सऊदी के लोग ही काम कर सकेंगे.