Home देश लखनऊ के लिए PM मोदी की नयी योजनाएं

लखनऊ के लिए PM मोदी की नयी योजनाएं

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अपनी तीन योजनाओं की तीसरी वर्षगांठ पर शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोचनो शहर को बुनियादी सुविधाओं का बड़ा तोहफा देंगे. इस अवसर पर वह ३८०० करोड़ की ९९ परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास करेंगे. इन योजनाओं से आवास, पेयजल, सीवेज, ग्रीन स्पेस एवं पार्क आदि सुविधाएं लोगों को उपलब्ध कराई जाएंगी.

इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित इस कार्यशाला के माध्यम से प्रधानमंत्री आवास योजना में अच्छा काम करने वालों को पुरस्कार दिया जाएगा.प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी २९ जुलाई को लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में ६० हजार करोड़ रुपये के ७४ निवेश परियोजनाओं का एक साथ शिलान्यास करेंगे. प्रदेश में इतनी बड़ी रकम के प्रोजेक्ट का एक साथ शुभारंभ संभवत: पहली बार होगा. प्रदेश सरकार इसकी तैयारी में जुट गई है.

इस कार्यक्रम में रिलायन्स ग्रुप के चेयरमैन मुकेश अंबानी, इनफोसिस के एक्सक्यूटिव चेयरमैन नन्दन नीलकनी, आदित्य बिड़ला ग्रुप के चेयरमैन कुमार मंगलम बिड़ला, एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन सुभाष चन्द्रा, अडानी ग्रुप के संस्थापक एवं चेयरमैन गौतम अडानी, टाटा संस के चेयरमैन एन. चन्द्रशेखरन तथा भारतीय इन्टरप्राइजेज के वाइस चेयरमैन और सी.आई.आई के चेयरमैन राकेश भारतीय मित्तल समेत देश और प्रदेश के लगभग १५०० से अधिक लोग भाग लेेंगे.

पीएम मोदी सबसे पहले प्रदर्शनी देखेंगे. इसमें देश भर से आए कई राज्यों ने अपने यहां के अनूठे प्रयोग दिखाए हैं. साथ ही प्रधानमंत्री आवास के ३५ अलग-अलग राज्यों के लाभार्थियों से उनका संवाद भी रखा गया है. प्रधानमंत्री करीब डेढ़ घंटा कार्यक्रम स्थल पर रहेंगे. वह इज ऑफ लिविंग इंडैक्स एंड डैशबोर्ड भी लांच करने के साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना की सक्सेज स्टोरी का भी विमोचन करेंगे. पीएम मोदी प्रधानमंत्री आवास योजना में सबसे ज्यादा ऋण देने वाले बैंकों को भी पुरस्कार देंगे.

साथ ही म्युनिसिपल बांड जारी करने वाले तीन शहरों को भी इन्सेंटिव दिया जाएगा. स्मार्ट सिटी मिशन में भी अच्छा काम करने वाले तीन शहरों को भी अवार्ड मिलेगा. पीएम प्रदेश के भी पांच जिलों के लाभार्थियों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये सीधी बात करके यह जानेंगे कि प्रधानमंत्री आवास मिलने के बाद उनके जीवन में क्या बदलाव आए. इसके लिए गोरखपुर, वाराणसी, बिजनौर, आगरा व लखनऊ के लाभार्थियों को चुना गया है. लाभार्थी अपने-अपने जिलों में एनआइसी केंद्रों से प्रधानमंत्री से सीधे जुड़ेंगे.